Monday, February 23, 2026
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रामचरितमानस को राष्ट्रीय ग्रंथ घोषित करने की मांग, जबलपुर में वर्ल्ड रामायण कॉन्फ्रेंस में संत रामभद्राचार्य ने उठाया मुद्दा

जबलपुर :
वर्ल्ड रामायण कॉन्फ्रेंस में  जगद्गुरु स्वामी रामभद्राचार्य महाराज, मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव व केंद्रीय संस्कृति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत जबलपुर पहुंचे. इस मौके पर संत रामभद्राचार्य महाराज ने मांग की है कि रामचरितमानस को राष्ट्रीय ग्रंथ घोषित किया जाना चाहिए. वहीं, मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा कि रामायण एक ऐसा ग्रंथ है जिसे दुनिया के कई देशों में पढ़ा और सुना जाता है. यह हमें प्रेम का पाठ भी सिखाती है.

राष्ट्रीय ग्रंथ घोषित हो रामायण

मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा, ” रामायण एक ऐसा ग्रंथ है, जिसे दुनिया के कई देशों में पढ़ा और सुना जाता है. जकार्ता, इंडोनेशिया, थाईलैंड जैसे देशों के अलावा जापान जैसे देश में भी रामायण और रामायण के चित्रों को लेकर चर्चा होती है.” मोहन यादव ने कहा कि भगवान राम के संबंध अपने शत्रुओं से भी मर्यादा के थे. इस मौके पर संत रामभद्राचार्य महाराज ने कहा कि रामचरितमानस को राष्ट्रीय ग्रंथ घोषित किया जाना चाहिए. उन्होंने ने बताया कि गांधी जी का प्रसिद्ध भजन रघुपति राघव राजा राम के सभी शब्द रामचरितमानस से ही लिए गए हैं.

जबलपुर के साथ दिल्ली में हो वर्ल्ड रामायण कॉन्फ्रेंस

केंद्रीय संस्कृति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने कहा, ” वर्ल्ड रामायण कॉन्फ्रेंस एक शानदार आयोजन है. इसमें भगवान राम के चरित्र को लेकर दुनिया भर में जो काम हो रहा है, उस पर चर्चा होती है लेकिन यह आयोजन केवल जबलपुर तक सीमित नहीं होना चाहिए बल्कि इसे जबलपुर के बाहर भी किया जाना चाहिए.”

उन्होंने वर्ल्ड रामायण कॉन्फ्रेंस के आयोजक अजय बिश्नोई और अखिलेश गुमास्ता से कहा कि इस आयोजन को अब दिल्ली में भी किया जाए.

हिंदू धर्म ग्रंथों को ट्रांसलेट कर रहे अन्य देश

कार्यक्रम में शामिल होने आए मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने शुक्रवार को जबलपुर में गीता भवन का लोकार्पण भी किया. वर्ल्ड रामायण कॉन्फ्रेंस की आयोजन समिति के सदस्य मध्य प्रदेश के पूर्व कैबिनेट मंत्री अजय बिश्नोई ने कहा, ” वर्ल्ड रामायण कॉन्फ्रेंस का यह चौथा साल है और अब इसके प्रयासों का असर भी दिखने लगा है. दुनिया के कई देशों में रामायण पर शोध कार्य चल रहे हैं. कई देशों में रामायण और हिंदू धर्म के ग्रंथ ट्रांसलेट किए जा रहे हैं.”

इस कार्यक्रम की तस्वीरें मुख्यमंत्री मोहन यादव ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर शेयर करते हुए लिखा, ” संस्कारधानी जबलपुर में जगद्गुरु स्वामी रामभद्राचार्य जी के सान्निध्य में आयोजित चौथी वर्ल्ड रामायण कॉन्फ्रेंस में आज केंद्रीय मंत्री श्री गजेंद्र सिंह शेखावत जी के साथ सहभागिता की. भगवान श्रीराम की पावन गाथाएं युगों-युगों तक मानवता को कर्तव्य, मर्यादा और लोककल्याण के मार्ग पर अग्रसर करने वाली दिव्य प्रेरणा हैं.”

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