यूजीसी कानून के विरोध में सवर्ण समाज की बैठक, 1 फरवरी को हरपालपुर बंद
यूजी यूजीसी कानून के विरोध में सवर्ण समाज की बैठक, 1 फरवरी को हरपालपुर बंद सी कानून के खिलाफ विरोध प्रदर्शन की रणनीति तय करने के उद्देश्य से गुरुवार को सवर्ण समाज की एक महत्वपूर्ण बैठक नारायण आश्रम छोटी कुटी में आयोजित की गई। बैठक में बड़ी संख्या में सवर्ण समाज के युवा एवं समाजसेवी उपस्थित रहे। सभी ने एक स्वर में यूजीसी के प्रस्तावित कानून का विरोध करते हुए इसे छात्रों के भविष्य के लिए नुकसानदायक बताया।
बैठक में वक्ताओं ने कहा कि यह कानून शिक्षा व्यवस्था में समानता लाने के बजाय जातिगत भेदभाव को बढ़ावा देगा, जिससे मेधावी छात्रों को नुकसान होगा। युवाओं ने इसे “काला कानून” बताते हुए सरकार से इसे तत्काल वापस लेने की मांग की। साथ ही चेतावनी दी कि यदि सरकार ने इस पर पुनर्विचार नहीं किया तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
बैठक में सर्वसम्मति से “सवर्ण एकता मंच” के गठन का निर्णय लिया गया। इस मंच के माध्यम से गांव-गांव और नगर-नगर जनसंपर्क अभियान चलाकर लोगों को जागरूक किया जाएगा। मंच के सदस्य यूजीसी कानून के दुष्परिणामों की जानकारी आमजन तक पहुंचाएंगे और आंदोलन को मजबूती देंगे।
इसके साथ ही बैठक में यह भी तय किया गया कि आगामी 1 फरवरी को यूजीसी बिल के विरोध में हरपालपुर नगर में बाज़ार बंद रखा जाएगा। सवर्ण समाज ने व्यापारियों और आम नागरिकों से इस बंद को सफल बनाने की अपील की है। बैठक के अंत में सभी ने एकजुट होकर शांतिपूर्ण आंदोलन चलाने का संकल्प लिया।
